Maa

🌹*मातृ दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं*🌹 💕
माँ- दुःख में सुख का एहसास है,
माँ – हरपल मेरे आस पास है।
माँ- घर की आत्मा है,
माँ- साक्षात् परमात्मा है।
माँ- आरती, अज़ान है,
माँ- गीता और कुरआन है।
माँ- ठण्ड में गुनगुनी धूप है,
माँ- उस रब का ही एक रूप है।
माँ- तपती धूप में साया है,
माँ- आदि शक्ति महामाया है।
माँ- जीवन में प्रकाश है,
माँ- निराशा में आस है।
माँ- महीनों में सावन है,
माँ- गंगा सी पावन है।
माँ- वृक्षों में पीपल है,
माँ- फलों में श्रीफल है।
माँ- देवियों में गायत्री है,
माँ- मनुज देह में सावित्री है।
माँ- ईश् वंदना का गायन है,
माँ- चलती फिरती रामायण है।
माँ- रत्नों की माला है,
माँ- अँधेरे में उजाला है,
माँ- बंदन और रोली है,
माँ- रक्षासूत्र की मौली है।
माँ- ममता का प्याला है,
माँ- शीत में दुशाला है।
माँ- गुड सी मीठी बोली है,
माँ- ईद, दिवाली, होली है।
माँ- इस जहाँ में हमें लाई है,
माँ- मैरी, फातिमा और दुर्गा माई है,
माँ- ब्रह्माण्ड के कण कण में समाई है।

अंत में मैं बस एक पुण्य का काम करता हूँ,
दुनिया की सभी माँओं को दंडवत प्रणाम करता हूँ।

🙏 *हैप्पी मदर्स डे* 🙏

Related Articles

प्यार अंधा होता है (Love Is Blind) सत्य पर आधारित Full Story

वक्रतुण्ड महाकाय सूर्यकोटि समप्रभ। निर्विघ्नं कुरु मे देव सर्वकार्येषु सर्वदा॥ Anu Mehta’s Dairy About me परिचय (Introduction) नमस्‍कार दोस्‍तो, मेरा नाम अनु मेहता है। मैं…

पुनर्विवाह (Part -2)

पुनर्विवाह (Part -2) विवाह संस्कार अपने आप में बहुत महत्वपूर्ण हैं, किसी भी महिला के लिए विधवा होने के दर्द से बड़ा दर्द, दुनिया में…

पुनर्विवाह (Part -1)

पुनर्विवाह (Part -1) अटूट विश्वास और समर्पण का ही दूसरा नाम है शादी, लेकिन नियति पर किसी का वश नहीं होता। कई बार बीच राह…

Responses

New Report

Close