यूँ कहना तो बड़ा आसान है
भूल जाना सारे बन्धनों को
जाति -पाति को छोड़ देना
परंतु सच्चाई यह है
की जाति- पाति के
ताने-बाने हमने ही बनाये हैं और
उनको हम ही
पोषित करते हैं
बची- खुची कोशिश
राजनैतिक दल कर रहे हैं
हमें अलग करने की
आरक्षण का भी अपना
अलग महत्व है
हमें अलग करने में ।
जाति- पाति के ताने-बाने
Comments
10 responses to “जाति- पाति के ताने-बाने”
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Nice n true
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धन्यवाद आपका
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वाह बहुत सुंदर
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Thanks
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Heart touching lines👏
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Thanks bhai🙏🙏🙏
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वाह वाह बहुत खूब
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धन्यवाद आदरणीय
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Nyc
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बहुत सुंदर भाव
सत्य वचन
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