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  1. देश के भीतर अशान्ति फैलाने वाले, हत्या, डकैती, दुराचार, आतंक फैलाने वाले तत्वों द्वारा की जा रही हरकतों पर चिंता व्यक्त की गई है। वास्तविकता का चित्रण है। ‘कैसे क़त्ल पे क़त्ल कर रहे अमानुष मनुष्य के भेष में’ अनुप्रास से अलंकृत पंक्तियाँ हैं।
    सुन्दर

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