धनतेरस का पर्व है,
सजे हुए बाज़ार,
घर में अपने लाओ
आज नए-नए उपहार
दीपों से सजे हुए हैं,
सबके आज सदन
आपस में गले मिलें,
स्वच्छ करें निज मन
सरस्वती के साथ पूजें,
लक्ष्मी और गणेश
मेधा संग धन आएगा,
तो सुधरेगा परिवेश
मद में मत हो जाना,
मनु, पाकर धन अपार
धन के संग मिले सदा ही,
बुद्धि का उपहार
चांदी की पालकी में,
मां लक्ष्मी आईं
आपको परिवार सहित,
धनतेरस की बधाई..
*****✍️गीता
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