4 Comments

  1. किसी कारण वश ४ अप्रैल को, मदनमोहन मालवीय जी की जयंती पर मैं इसे प्रकाशित नहीं कर पाई थी।
    सबों को सादर अभिवादन।

  2. विद्वत व महान मनीषियों के जीवन, जयंती आदि महत्वपूर्ण तिथियों पर आपकी लेखनी बहुत सुन्दर प्रकाश डालती है। काफी लंबे समय बाद आपकी कविताएं पढ़ने को मिलीं, बहुत अच्छा लगा। कविता में बहुत सुन्दर चित्रण है।

  3. श्री मदन मोहन मालवीय जी की जयंती पर आपकी बहुत सुंदर रचना पढ़ने को मिली है, राष्ट्रकवि श्री मदन मोहन मालवीय जी को सादर नमन्

  4. मदन मोहन मालवीय जी के जयंती पर बहुत ही सुंदर रचना लिखी है आपने सुमन जी

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