पागल आशिक़

लोग कहने लगे है, हम इश्क़ में पागल हो गए है।
मैं कहता हूँ इश्क़ में पागल तो कोई कोई होते है।।
शाहजहाँ भी मुमताज़ के लिए ही पागल हो गया।
इसलिए आगरा में मुमताज़ महल प्रसिद्ध हो गया।।

Comments

4 responses to “पागल आशिक़”

  1. बहुत सुंदर

Leave a Reply

New Report

Close