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  1. वही सागर का तट
    बालुकामय सतह।
    जहाँ आनन्द मनाया
    कुछ इस तरह।।
    खाया -खेला’
    — बहुत सुंदर रचना, अति उत्तम अभिव्यक्ति

  2. “सागर के लहरों नेमिटा दिया वो अंकन।
    पर दिल में एकअधूरी यादों का है कंपन।’
    चित्र के अनुरूप बहुत ही सुन्दर कविता लिखी है, बीते वर्ष और आने वाले वर्ष के ऊपर बहुत सुंदर रचना लाजवाब अभिव्यक्ति

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