Ambe ma

अंबे मां जगदंबे मां,
तू है कितनी दयालु मां,
तेरा रुप है कितना निराला मा,
दुखियों के दुख हरने वाली,
सब को सुख तो देने वाली,
तेरी कृपा हम पर बनी रहे,
मेरी यह आरजू है मां,
मैंने नितदिन तेरी आरती करूं,
तेरा ही तेरा ही गुणगान करू,
मैंने तो नितदिन तुझे भोग लगाऊं,
तेरे चरणों में अपना शीश झुकाऊं,
अब कर दो इतना उपकार मां,
खुशियों से भर दो आंगन मेरा,
तेरी पूजा मै करती रहू,
बस इतनी सी दया देदो मा |


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11 Comments

  1. Nikhil Agrawal - October 5, 2019, 8:14 am

    Nice n new aarti

  2. सुरेन्द्र मेवाड़ा 'सुरेश' - October 5, 2019, 8:45 am

    जय माता दी

  3. देवेश साखरे 'देव' - October 5, 2019, 9:41 am

    Bahut sundar

  4. NIMISHA SINGHAL - October 5, 2019, 9:59 am

    अम्बे चरण कमल है तेरे

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