हम भारत मैं एकता की
अखंड जोत जलायेंगै
बहकावे में किसी के
अब न हम आयेंगे
दुख और मुश्किलों से
अब ना हम घबरायेंगे
रोटी एक हो या आधी
मिल बांटकर हम खायेंगे
अभी प्रेम हमारा
देखा है तुमने
जिस दिन रोष हमारा
देखोगे
खुदा भी बचा न पायेगा
खूनी दिन और खूनी रातें
कब तिलक खेल ये खेलोगे
जाग गया है हिन्दूस्तान
जाग गया है बच्चा – बच्चा
जाग गया हर नोजवान
दंगाईयों को मार – मारकर
देश से हम भाग देंगे
अब देश को यूँ ना हम
खूनी रंग से रंगने देंगे
यहाँ प्यार बसे हैं दिलों में
प्यार के रंग चढायेंगे
सबसे पहले भगवा रंग
फिर तिरंगा हम लहरायेंगे
प्रस्तुति – रीता अरोरा
Leave a Reply
You must be logged in to post a comment.