सरहद के मौसमों में जो बेरंगा हो जाता है, तिरंगे से लिपट कर एक दिन वो तिरंगा हो जाता है।। राही (अंजाना)
सरहद के मौसमों में जो बेरंगा हो जाता है, तिरंगे से लिपट कर एक दिन वो तिरंगा हो जाता है।। राही (अंजाना)
सालों पहले मिली आजादी के बाद भी आज हम खुद से लड़ रहे हैं हम कैसे मान लें कि हम प्रगति की ओर आगे बढ़ रहे हैं, कहीं सरहद पर पूरे उत्साह से खड़ा जवान […]
मैं अमन पसंद हूँ, मेरे शहर में दंगा नहीं शांति रहने दो..!! लाल और हरे में मत बांटो, मेरी छत पर तिरंगा रहने दो..!! ??जयहिन्द??✍वाहिद
Kho jaunga khi m aik din Bo jaunga kuch to m aik din Hounga na jane kha m So jaunga khi m aik din. Mujhe pta h ki kiya hd h meri Pr dr h […]
जय हे भारत स्वर्ण भूमि जय जय जननी, जय कर्म भूमि हे गंगा यमुना ब्रह्म सरस्वती पावन सतलज सिन्ध बहे विन्ध्य हिमालय गिरी अरावली मणि माणिक नवरत्न भरे जलधि हिन्द बंगाल अरब जल स्वर्ण भूमि […]
वर्ष सैकड़ों बीत गये, आज़ादी हमको मिली नहीं लाखों शहीद कुर्बान हुए, आज़ादी हमको मिली नहीं भारत जननी स्वर्ण भूमि पर, बर्बर अत्याचार हुये माता बहन बेटियों के, इज्ज़त धन सम्मान लुटे बिक गये धरम […]
देश मेरा स्वर्ग भूमि है, अमृत जिस देश का पानी है। जहाँ का हर बच्चा भगत सिंह, हर बहनें झाँसी की रानी है। आर्य जहाँ के निवासी है, गौरवपूर्ण जिसकी कहानी है। जहाँ का हर […]
जय हिन्द का नारा फिर बुलंद करो टूटे आत्मसम्मान को फिर एक-सार करो चित की चेतना को फिर चिंतित करो आँखों के पानी को फिर लहु मै परिवर्तित करो अधरों की चुप्पी को फिर बाधित […]
गलतियाँ तुमसे भी हुई है , गुनाह हमने भी किये है पत्थर तुमने फेंके , गोलियों के जख्म हमने भी दिए है । गोली से मरे या शहीद हुए पत्थर से; नसले-आदम का खून […]
There was a time Totally Different form today Where people were slaves made to work all day It was 69 years ago They got out of this nightmare Carrying the tricoloured flag Freedom they […]
स्वतंत्रता दिवस की शुभकामनाये। गुलामी में भी हमारे दिल में देश की शान काफी थी, तोड़ देते थे होंसला अंग्रेजो का हममे जान काफी थी, पहनते थे कुर्ता और पाजामा खादी की पहचान काफी थी, […]
देख तिरंगे की लाचारी कैसे हर्शाएं हम आजादी पर कैसे नांचे कैसे झूमे गायें हम भारत माँ का झंडा जब पैरों के नीचे आता है और जहाँ अफ्जालों पर मार्च निकाला जाता है जिस […]
पाकिस्तान की औखात को देखकर ये भाव उठे, कोई गलती हो तो क्षमा करना — जल जला उठा वो सैनिक, जिसमें जान बाकी है, लहु से श्रंगार कर दुंगा, बस यही अहसान बाकी है, काफूर […]
मैं आर देख रहा था, मैं पार देख रहा था, बंद लतीफों की खड़े -खड़े मल्हार देख रहा था, सोचा था तंग आकर लिखूंगा ये सब,मगर ये क्या, कागज के टुकडों में दफन विचार देख […]
तिरंगा। वस्त्र का टुकडा़नहीं, अस्मिता का मान है। ये तिरंगा विश्व में निज गर्व की पहचान है। केसरी ये रंग पराक्रम शौर्य है स्वाभिमान है। श्वेत वर्णी शान्ति की ये साधना का ध्यान है। ये […]
आजादी की शान तिरंगा। तोड़ तिलस्म अंग्रेजों की , लेकर आया नवविहान तिरंगा। शमां ए वतन की लौ पर कुर्बान तिरंगा । हर हिन्दूस्तानी की जान तिरंगा। आजादी के इस पावन पर्व पर आओ मिल […]
यहाँ जिस्म ढकने की जद्दोजहद में… मरते हैं लाखों..कफ़न सीते सीते… जरा गौर से उनके चेहरों को देखो… हँसते हैं कैसे जहर पीते पीते… वो अपने हक से मुखातिब नहीं हैं… नहीं बात ऐसी जरा […]
लहू लुहान जिस्म रक्त आँख में चड़ा हुआ.. गिरा मगर झुका नहीं..पकड़ ध्वजा खड़ा हुआ.. वो सिंह सा दहाड़ता.. वो पर्वतें उखाड़ता.. जो बढ़ रहा है देख तू वो हिन्द का सपूत है.. वो दुश्मनों […]
लहू के हरेक बूँद से लिखी हुई कहानी है I मेरे हिन्द की आजादी की गाथा जरा निराली है II विश्वास की नदियाँ यहा, निश्छल सा प्यार था कभी रहते खुशी से सब यहा, न […]
कुर्बानी के दम पे मिली है आजादी •~•~•~•~•~•~•~•~•~•~•~•~• उनसे ज्यादा है किसी का कोई तो सम्मान बोलो जिसके आगे झुक गया है सारा हिन्दूस्तान बोलो मुक्ति के जो मार्ग पर निकले थे ले अरमान बोलो […]
नहीं तिरंगा मात्र ध्वजा ये जय का उदघोष भी है अमर शहीदों का प्रतीक बिस्मिल,भगत,बोस भी है उत्साह रगों में भरता यह क़ुरबानी को तत्पर करता हर देशभक्त हर राष्ट्रभक्त इस पर जीता इस पर […]
तीन रंगों से बना हुआ पहचान हमारी है सारे जग से प्यारा तिरंगा शान हमारी है आन, बान, सम्मान का सूचक राष्ट्रनिष्ठा और ज्ञान का सूचक प्रतीक ये अपने संविधान का है अपने अभिमान का […]
लहू है बहता सड़कों में आक्रोश है कुम्हलता गलियों में लफ़्जों मे है क्यों नफ़रत का घर आग है फैली क्यों फिजाओं में रंगो में है क्यों बारूद भरा क्यों दीये अंधेरों में रोते है […]
थप थप की आवाज से अचानक मैं चोंक गया इक मासूम सा बच्चा खड़ा था, मेरी कार के बाहर अपने कुछ तिरंगो के साथ बेचना चाहता था शायद कमाना चाहता था कुछ पैसे अपनी मां […]
इस देश में अजीब किस्म की बात चल रही है, हिन्दू , मुस्लिम ,सिख ,ईसाई कहने को है सब भाई-भाई ख़ास तौर पर हिन्दू और मुस्लिमान इस कविता में न कोई ऐसा नाम हैं जो […]
Bharat maa ke in stambhon ko shat shat mera pranam hai Ek jawan ek kisaan aur ek vigyaan hai. Bharat maa ke vagyaniko ka kya kehna…. Ye hai hamari matribhumi ka anmol gehna Aaj inki […]
देख तिरंगे की लाचारी कैसे हर्शाएं हम आजादी पर कैसे नांचे कैसे झूमे गायें हम भारत माँ का झंडा जब पैरों के नीचे आता है और जहाँ अफ्जालों पर मार्च निकाला जाता है जिस […]
गीत आधार छंद-द्विगुणित चौपाई कुल ३२ मात्राएँ , १६-१६ पर यति ★■◆●★■◆●★■◆●★■◆●★■◆●★■◆◆●★■◆●★■◆●★ आओ तुमको ले चलूँ वहाँ, जिस जगह वीर इक सोया था । डोली थी सजी हुई लेकिन, वह आत्ममुग्ध सा खोया था । […]
गुलामी में भी हमारे दिल में देश की शान काफी थी, तोड़ देते थे होंसला अंग्रेजो का हममे जान काफी थी, पहनते थे कुर्ता और पाजामा खादी की पहचान काफी थी, गांधी जी के मजबूत […]
ये लहू कह रहा है कि भूल न जाना, न हम कर सके जो वो करके दिखाना, हम मिटे सरहदो पे कोई गम हमें नहीं इस हिन्द की आजादी का , न कोई मोल तुम […]
हिन्द के निवासियों धरती माँ पुकारती है उठ खड़े हो जाओ तुम माँ भारती पुकारती है धर्म, जाती-पाती से तुम बाहर आकर भी देख लो आजाद भारत में आज भी मजदूर बंधुआ बने देख लो […]
आतंकी की महिमा मंडित मंदिर और शिवाले खंडित पशु प्रेमी की होड़ है फ़िर भी बोटी चाट रहे हैं पंडित भ्रष्टों को मिलती है गोदी देशभक्त होते हैं दंडित सत्ता का हर इक दलाल बन […]
खल्क ये खुदगर्ज़ होती। आरही नज़र मुझे।। इंकलाब आयेगा ना अब। ये डर सताता अक्सर मुझे।। अशफ़ाक़ की,बिस्मिल की बातें। याद कब तक आएँगी।। शायद जब चेहरे पे तेरे। झुर्रियां पड़ जाएँगी।। क्या भूल गए […]
पंद्रह अगस्त का पावन दिन , वीरों की याद दिलाता है | शहीद हुए जो देश के खातिर , उनकी कथा सुनाता है | तेरह वर्ष की उम्र में आकर , चौदह कोड़े थे खाये […]
ये लहू कह रहा है कि भूल न जाना, न हम कर सके जो वो करके दिखाना, हम मिटे सरहदो, पे कोई गम हमें नहीं इस हिन्द की आजादी का , न कोई मोल तुम […]
Suno–sunaai degi tumhe– Bharat maa ki chittkaar Lahoo bahe– jo mere beto ke Kyu hota ja rahaa bekaar…?? Shahaadat mere laal ki Chup pattharro mei simat gyi hai Mujhpar mar mitna mere bachcho ka– Kyu […]
जीवन तो है आना जाना। अपने फर्ज कभी न भुलाना। अपने वतन पर मिटेंगे हम कभी न कदम पीछे हटाना। जो जां काम न आए वतन पर कैसे मां रा कर्ज चुकाना। आओ कदम बड़ाएं […]
जहाँ हमें मिलना था वहीं मिलते तो अच्छा था जहाँ दूरियां न होती नजदीकीयां होती वहीं मिलते तो अच्छा था जहाँ फूल खिलते बहारें होती वहीं मिलते तो अच्छा था जहाँ सपने न होते हकीकत […]
आजाद हैं हम या अफवाह है फैली चारों ओर आजादी की, जंज़ीरों में बंधी है आजादी या बेगुनाही में सज़ा मिली है आजादी की, हकीकत है भी हमारे देश की आजादी की, या बस गुमराह […]
हो गए आज़ाद मगर क्या खोया क्या पाया है। आज़ादी के पंखों पर आतंक का गहरा साया है। शहीदों को श्रद्धांजलि सच्ची होगी यही अब के, कम न होने देंगे आन,शान अपना यही सरमाया है। […]
तेरी सुबह बङी निराली है.. तेरी शाम मधुर सुहानी हैं.. एे जानो जिगर से प्यारे वतन.. तेरे वैभव की अमर कहानी हैं वन्दे मातरम् वन्दे मातरम् वन्दे मातरम् है चरण पखावत सिंधु तेरे मस्तक पर […]
Aazaadi ki keemat hamne bahut badi chukaai hai Tab jaa kar hamne ye aazaadi paai hai Ye din hai bahut sunhaira, ye din hai bahut pavitra hindustaan ko aazaad rakhne ki ham sab ne kasam […]
जहाँ हिन्दू मिले जहाँ पर मुसलमान मिले उसे हिन्दूस्तान कहते हैं, जहाँ हर मज़हब को एक सा सम्मान मिले उसे हिन्दूस्तान कहते हैं। कहदो उससे जाकर जहां में हमारे मुल्क से अच्छा कोई मुल्क नहीं, […]
हम भारत मैं एकता की अखंड जोत जलायेंगै बहकावे में किसी के अब न हम आयेंगे दुख और मुश्किलों से अब ना हम घबरायेंगे रोटी एक हो या आधी मिल बांटकर हम खायेंगे अभी प्रेम […]
????आजादी मुबारक हो???? ???????????? तोते पिंजरे जैसी बोली, खूब बढ़ी आबादी है, पंछी के पर काट दिए है, ये कैसी आजादी है। आजादी ये रूला रही है अब भी भूखे प्यासों को, जाने क्यों ये […]
कृपया राष्ट्र गान धुन में गायें ********************** तन मन धन न्योछावर कर दें तुम पर भारत माता विज्ञान ज्ञान भंडार भरें सब रखें सदा मन चंगा करुणा दया प्रेम रस बरसे नही हो देश में […]
पितरों के तर्पण को जैसे, थाली में खीर जरुरी है, भारत माँ के श्रृंगार को वैसे, ही कश्मीर जरुरी है| चमकी थी जो सत्तावन में, अब वो तलवार जरुरी है, प्यार मोह्हबत बहुत हो गया, […]
ये कविता मैने खुद को एक बार बचपन मे रख के,जवानी मे रख के और एक बार खुद को आखिरी सफर मे रह कर महसुस करते हुवे लिखा है,कि हमारे सैनिक भाई क्या सोचते है […]
आवो ! हम सब नमन करें भारत के वीर सपूतो का ! जिनने आज़ादी के हवन कुंड में अपना सब कुछ होम दिया आवो ! हम सब नमन करें भारत के वीर शहीदों का ! […]
नत मस्तक शीश झुकाए कतारबद्ध खडा हूं मैं लिए लघु हृदय वीरों संग दौड चला घावो की परवाह किए बिना तत्पर हूं कुछ करने को इस देश के लिए मरने को बना लिया है लक्ष्य […]
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