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  1. तेरे साहस के आगे बढ़कर, कौन तुझे अब रोक रहा

    विधि में तेरे लिखा क्या है, तू मानव है कुछ सोच रहा।।
    —- अतीव सुन्दर पंक्तियां। बहुत सुंदर कविता। वाह लेखनी से बहुत सुंदर साहित्य उदभूत हुआ है।

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