गीतों में अपने जज्बात लिखा करता था,
गीतों में मुझसे बात किया करता था
हाथों में लेकर मेरा हाथ,
घंटों चलता रहता मेरे साथ
वो लड़का मुझे बहुत मोहब्बत किया करता था
मैं लिखती थी,
वो बहुत अच्छा गाया करता था
मेरा लिखा मुझको ही सुनाया करता था,
वो लड़का मुझे बहुत मोहब्बत किया करता था
जब भी होती थी उदास,
कोशिश करता था हंसाने की
दूर जाती थी….
तो बातें करता था पास आने की,
खत भेजकर मुझको बुलाया करता था,
वो लड़का मुझे बहुत मोहब्बत किया करता था
आंखों में अश्क आते थे जब मेरे,
बातें होती थी बिछड़ जाने की
मेरे होठों पर रखकर हाथ अपना,
मुस्कुराने की बात किया करता था
वो लड़का मुझे बहुत मोहब्बत किया करता था
फरमाइश करता था सदा मुस्कुराने की,
बातें करता था चांद-तारे तोड़ लाने की
मुझे दुनिया घुमाने की बात किया करता था,
वो लड़का मुझे बहुत मोहब्बत किया करता था
जब पायल बजती थी मेरे छम छम छम छम
उसके घुंघरू करते थे रुनझुन-रुनझुन
मुझे छम्मक छल्लो कहकर बुलाया करता था,
वो लड़का मुझे बहुत मोहब्बत किया करता था
खिल उठती थी उसको देखकर मैं गुलाब सी,
मुझे गुलाब भेंट किया करता था
वो लड़का मुझे बहुत मोहब्बत किया करता था
________✍️गीता
वो लड़का मुझे बहुत मोहब्बत किया करता था
Comments
8 responses to “वो लड़का मुझे बहुत मोहब्बत किया करता था”
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बेहतरीन सृजन
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सादर धन्यवाद भाई जी 🙏
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सुन्दर
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धन्यवाद सुमन जी
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वाह।, प्रेम हो तो ऐसा। जिससे एक अजीब मिसाल बन जाए।
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धन्यवाद सर
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Very nice line
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Thank You very much pragya
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