जैसे ही शरीक हुए , महफ़िल – ए – मय में ….. जाम पर जाम होंठो  से टकराते गए….. हर एक घूंट के साथ ….. हम उनके साथ बिताये हुए , संगीन लम्हें भुलाते गए […]

मुझे हमेशा तुम से बाँधें रखेँ …. इस क़ायनात में , ऐसी एक जंजीर ढूंढता हूँ …..   दौलत से सब बन जाते है अमीर … लेकिन तुझमे मैं , वो दिल वाला अमीर ढूंढता […]

ए – ख़ुदा ….. जरा तू रौनक – ए – बाज़ार देख….   हर इंसान के चेहरे पर ….. मुस्कराहट का कारवाँ सिलसिलेवार देख …..   जरा एक निगाह , फ़लक पर डाल ….. नजारा […]

मय में भी नशा है…. लेकिन उस रुख़ – ए – रोशन की ख़ूबसूरती से कम नहीं…   हूँ जब  आज , मुस्कुराहट के आगोश में …. तो दिल कहे , अब कोई गम नहीं […]

Saavan  ये कारवां चले तो, हम भी चलेंये शम्मा जले तो, हम भी जलेंखाक करके हर पुरानी ख्वाहिश कोइक नया कदम, हम भी चलें……   कभी ठहरी सी लगती है,कभी बहती चली जाती हैजिंदगी है […]

तेरे  जाने  से सब  ये सोचते  है मैं अकेला  हूँ  , उन्हें  शायद खबर न हो कि तेरी याद  बाक़ी है . मैं तनहा कैसे समझूँ मीर इन ख़ाली मकानों को , तेरे और मेरे […]