गजल- कोरोना शैतान क्यो है |

गजल- कोरोना शैतान क्यो है |
काफिया – आन ,रदीफ़ – क्यो है
खौफ मे कोरोना से इंसान क्यो है |
घर अपने आदमी परेशान क्यो है |
हुआ लॉक डाउन लॉक घर मे रहो |
तोड़कर कायदा कानून नादान क्यो है |
बाजार बंद उसको मौका मिल गया |
बढ़ाकर कीमत बनता बेईमान क्यो है |
चूल्हा नहीं जला घर उसके रासन नहीं |
कांपता ही नहीं उसका ईमान क्यो है |
लगी जितनी बंदीसे वो मानता नहीं |
फिर बीमार सारा अब खानदान क्यो है|
कायम रहेगी और भी लंबी पाबन्दिया |
संभालो खुद को हर कोई हैरान क्यो है |
जबतक रहोगे घर मे महफूज रहोगे |
जाता जल्दी नहीं कोरोना शैतान क्यो है |
श्याम कुँवर भारती (राजभर )
कवि/लेखक /समाजसेवी
बोकारो झारखंड ,मोब 9955509286
व्हात्सप्प्स -8210525557


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5 Comments

  1. Pt, vinay shastri 'vinaychand' - April 9, 2020, 7:01 am

    Nice

  2. Dhruv kumar - April 9, 2020, 10:01 am

    Nyc

  3. Pragya Shukla - April 9, 2020, 11:48 am

    Hmmm

  4. NIMISHA SINGHAL - April 14, 2020, 2:54 pm

    👏👏👏👏

  5. Abhishek kumar - May 10, 2020, 10:47 pm

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