“बन्धन में होना बाध्य नहीं”

बन्धन में होना बाध्य नहीं अपितु एक स्वतंत्रता है विचारों की स्वतंत्रता, भावों की स्वतंत्रता, जीवन के अद्भुत अनुभवों की स्वतंत्रता, सागर के विशाल गर्भ…

चीख

मेरी बेसुध, बेजान पड़ी रूह बेआबरू हुआ जिस्म आज फना हो रहा है जा रहा है अन्तरिक्ष की वृहद सैर पर, जीवन में कुछ लूटेरों…

बेटी का तर्पण

रुक गई सांस, भर आया हृदय दुख के सागर में मन डूब गया व्यथित हुआ भारी हुई पलकें तुझसे मिलने को मन छटपटाने लगा.. कैसे…

कागजी प्रेम

कागजी प्रेम,कागज़ के कुछ पन्नों तक ही सिमट कर रह जाता है। कुछ आंशिक शब्दों से शुरू होकर, आंशिक ही रह जाता है। विश्वास की…

मनमर्जियां

चल देते हैं दिल को राहतें करते हैं कुछ मनमर्जियां सपनों को लगा दे पंख जी ले अपनी जिंदगी ना करें दुनिया की फिक्र हो…

ये तय है

जुनून है तेरे दिल में हम तो अपना घर बनाएंगे तुझ में डूब जाएंगे तुझी में खो जाएंगे करे कोशिश अगर जुदा करने की हमें…

अंतरनाद हो रहा।।

अंतरनाद हो रहा देखो प्रकृति में चहुं ओर नित नवीन गुंजन उठे बादल उठे घनघोर ढोल मृदंग बज रहे सब अप्सराएं भी गुणगान करें राम…

विदिशा एक अर्धांगिनी :-हर कदम पर तुम्हारा साथ दूंगी

तुम्हारा सहयोग, तुम्हारा प्रेम पाकर मैं कृतार्थ हुई मैं तुम्हारे सहयोग की आभारी हूं तुम्हारा सहयोग, तुम्हारी संवेदनाएं, तुम्हारी भावनाएं तुम्हारे लफ्जों में यूं ही…

वो बूढ़ा बरगद”

आज तुम्हारे साथ कुछ वक्त बिताने को जी चाहता है हां, तुम्हारी याद बहुत जोरों से आ रही है क्या है तुम्हारे पास वक्त मेरे…

मंजिल की ओर कदम

रोज रोज बढ़ते रहे मंजिल की ओर कदम निस दिन किया प्रयास फिर कैसे गिनते दिन कैसे गिनते दिन जब परीक्षा सिर पर थी प्रण…

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