भुला सकोगे न तुम कभी भी , की  तुमको इतना मैं प्यार दूंगा . जो होगा चुलमन वो  होंगी  आँखे , उसी से तुमको निहार लूंगा . मगर रहे याद तुम्हे सदा ये,  उसी में […]

कौन किस्मत से भला जीता है………. ये उसके खेल का तरीका है कौन किस्मत से भला जीता है। पहुंच न पाते कभी मंजिल तक रास्तों को भी साथ खींचा है। सुबह दिल खूब लहलहायेगा रात […]

खबर मेरी यहाँ पर पूछते क्या हो एहसास , जरा एक बार मेरे मकान से  गुजरो. तुम्हे मालूम होगा इश्क़ में क्या क्या लुटाते हैं, कभी एक बार इस इम्तिहान से गुजरो. . …atr

प्रेम  होता  दिलों  से  है फंसती  नज़र , एक तुम्हारी नज़र , एक हमारी नज़र, जब तुम आई नज़र , जब मैं आया नज़र, फिर तुम्हारी नज़र और हमारी नज़र, बन गयी एक नज़र, हो […]

वो राह वो बस्ती, वो घर, वो गलियां , वो राह के कांटे  , वो फूल और कलियाँ , मुझे फिर याद आये.. वो दो दिलों की धड़कन ,वो दोपहर का साथ, वो शाम का […]

कवि कोई गीत सुना ऐसा ये जग दीवाना हो जाए, कोई बंदा बैरागी बने, कोई मरदाना हो जाए!! भाईचारे की डोरी से, बंधा हुआ हर गाँव मिले, धुप में झुलसे मानव को, तरुवर की ठंडी […]

ख्वाबो में भी अकेले होने पर जब बस शब्दों का सहारा होता हैं,, खुद की आधी-अधूरी सुनने पर भी जब मन छठपटा रहा होता हैं,, हालातों से बाहर आते ही जब ख्यालात नजर आ जाते […]

ख़त अधूरा सा कोई ,या हो अधूरा ख़्वाब ज़िन्दगी में यक-ब-यक आ जाते हैं याद आ जाते हैं हमें दिलाने कुछ अधूरी याद  उम्मीदों से भरकर,जज़्बातों से हो कर लबरेज़ चाहा था इन्हें,और चाहा था,करना इन्हें […]

उसके चेहरे से नजर हे कि हटती नहींवो जो मिल जाये अगर चहकती कहीं जिन्दगी मायूस थी आज वो महका गयीजेसे गुलशन में कोई कली खिलती कहीं वो जो हंसी जब नजरे मेरी बहकने लगीमन […]

आपकी यादो को अश्कों में मिला कर पीते रहेएक मुलाकात की तमन्ना मे हम जीते रहे आप हमारी हकीकत तो बन न सकेख्वाबों में ही सही हम मगर मिलते रहे आप से ही चैन ओ […]

किसी की आह में हम खोए हैं ना जाने कब वो नज़र आएगी एक रात की पनाह में सोये हैं ना जाने कब सुबह आएगी पूछो तो सासों के सुर बता सकता हूं ना रूप, […]

अहसास  का  अहसास  …! मुझे   अहसास  हो  रहा  है, कि  मेरा  दिल,  न  मेरे  काबू  में,  ना मेरे  पास, भटक  रहा  है,  जाने  क्या  आस  लिए,  तेरे  ही  आसपास.……. मुझे  अहसास  हो  रहा  है. कि  […]

ये  चली  कैसी  हवा ….! सोचा  था  खरीदार  बन, आया  हूँ  इस  जहाँ  मे  मैं, ये  चली  कैसी  हवा, कि  बिकता  ही  चला  हूँ  मैं…..….   ! . जाना  था  मुझको  कहाँ, और, आ  गया […]

 सुंदर से इक फूल ने ….! कल  जैसा  था  वह  आज  नहीं, कल  कैसा  होगा  पता  नहीं, है  आज  अलग  इन  दोनों  से, हर दिन जैसे नव फूल  खिले. पर  दिल  अपनी  मनमानी  मे, जाने  […]

फूंक देते प्राण मनुज में वो गुरुदेव  कहाते है, जीवात्मा की परमात्मा से वो ही मिलन कराते है. मोक्ष प्राप्ति का मार्ग बताकर करते है उद्धार गुरु, निज शिष्यों को ईश्वर से बढ़कर करते है प्यार गुरु. […]

गीत लिखूँ कैसे अब मैं, गीत कहूँ कैसे अब मैं. सब शब्द तुम्हारे प्रेमी है,हर कविता तेरी दासी है, हर वाक्य तुम्हारा वर्णन है, हर हर्फ़ तेरा अभिलाषी है, फिर इन दीवाने लोगो को अब […]

ए जीनेवाले सोच जरा….! मरने के लिए जीते हैं सब, फिर भी मर मर कर जीते हैं. यहाँ कभी न मन की प्यास बुझी, प्यासे ही सब रह जाते हैं. ए जीनेवाले सोच जरा, ऐसा […]

   दिल क्यूँ  मांगो “More” ….! दिल तुम्हरी नहीं मानेगे हम, क्यूँ तुम मांगो “More” “More” “More” ही दुःख का कारण, सुख ले जावे चोर…..! इतना सारा पास जो अपने, देख तो उसकी ओर, जो […]

शायद इस पहली बारिश में कल वो भी मेरी तरह नहाया होगा,, कामकाजी दौर में धुंधला चुकी कुछ यादो को यादकर वो भी मुसकराया होगा।।   हम उस वक्त बस ऐसे ही घास पर लेटे […]

पराये जज्बातों को अपना बनाने की चाहत होती है किसी की आहों में डूब जाने की चाहत होती है उम्र भर चलते रहे तनहाईयों के साथ हम उनके साथ चंद कदम चलने की चाहत होती […]

मेरी कविता प्यारी मुझको…….! मेरी कविता प्यारी मुझको, औरों को ये सरदर्द है, समझ के भी आदत ना छूटे, जाने कैसा ये मर्ज है…….! फिर भी अर्ज है…! मेरी कविता प्यारी मुझको, औरों को ये […]

तुम्हे मालूम हो … कुछ बाकी सा रह गया है तुम्हारे – मेरे दरम्यान… जिसे मैं बहुत कोशिश करने पर भी शब्द नहीं दे पाता, बस यूँही कभी महसूस कर लिया करता हूँ अकेले में, […]

कौन कहता है मुहब्बत की ज़ुबाँ होती है ये हक़ीक़त तो निगाहों से बयाँ होती है वो न आये तो सताती है ख़लिश सी दिल को वो जो आये तो ख़लिश और जवाँ होती है (ख़लिश = चुभन, […]

ज़िन्दगी अब मेरी बिखर के ना रह जाये रोती हैे मेरी आँखे कोई सवाल ना कर जाये लबो पे है जाने कैसी हँसी जुबां तो ख़ामोश है ख़ामोश नज़रें ना सब कुछ कह जाये रुक […]

हरदम  कौन  ये  मेरे  दिल  में….. हरदम  कौन  ये  मेरे  दिल  में, सुख  में,   दुःख  में,  हर  मुश्किल  में, हर्ष  में  मेरे,   या  अश्कों  में, गीत  मजे  से  गाता  है, शब्द  कहाँ  से  लाता  है,   […]

तेरे हर-एक लफ्ज़ के मुताबिक़ हमको इक रोज बिछड़ना हैं,, तेरा हाल तो तू ही जाने, हमे तो उठ-उठकर रोज मरना हैं,, मगर तेरी अनचाही फ़िक्र के दरमियाँ, मेरे निक्कमे वजूद का जिक्र होगा इतना,, […]

खुदा का घर है आसमान, वो रहे रोशन——————- पता करो कि कहां, किसने जाल फैलाया सुबह गया था परिन्दा वो घर नहीं आया। रोशनी में ही चलेगा वो साथ—साथ मेरे कितना डरता है अंधेरों से […]

जिंदगी मेरी जिंदगी से परेशान है बात इतनी है कि लिबास मेरे रूह से अनजान है­­ तारीकी है मगर, दिया भी नहीं जला सकते है क्या करे घर में सब लाक के सामान है ऐसा […]

हम सबकी तरफ से हर-एक अध्यापक-गुरुजन  को सादर नमन   हैं पावन दिवस आज, करते हैं हम उनको प्रणाम, जो ज्ञान की लौ जला कर मन अलौकिक करते रहते। जन्म दिया माँ–बाप ने और राह […]

मोहब्बत करके पछताने की खुद को यूं सजा दूंगा तुम्हें यादों में रक्खूंगा मगर दिल से भूला दूंगा। रहो बेफ्रिक तूफानों तुम्हारा दम भी रखना है किनारा आने से पहले मैं कश्ती को डूबा दूंगा। […]