हमने बिछाई हैं कई बार राह में पलकें वो भी पलट के देखेगा यह उम्मीद नहीं रखती हूँ जब से देखी है सनम की सूरत मैनें तब से मैं चाँद को चाँद नहीं कहती हूँ!!

वो तेरा बार-बार दिल दुखाएगा मगर मत रोना तुम तेरी आंखों में आंसू ले आएगा मगर मत रोना तुम उसकी राहों में बिछाओगे तुम दिल अपना वो तुझको अपनाएंगा यह उम्मीद मत रखना तुम।

वो तेरा बार-बार दिल दुख आएगा मगर मत रोना तुम तेरी आंखों में आंसू ले आएगा मगर मत रोना तुम उसकी राहों में बिछाओगे तुम दिल अपना वो तुझको अपनाएंगा यह उम्मीद मत रखना तुम।

ताज्जुब है तुम्हारी यादाश्त पर सारी बातें कैसे याद रहती हैं तुम्हें यही सोचती हूं मैं आजकल क्योंकि मैंने तुम्हें कल लफ्ज़ लफ्ज़ याद किया था और आज भूल गई।

राह में काँटे बिछाना काम है उसका मेरे दिल को दुःखाना काम है उसका मैं हँस देती हूँ जो जरा-सा देखकर उसको मेरी हँसी से जल जाना काम है उसका

ना आना हाथों की लकीरों के फरेब में, ज्योतिषी की दुकानों पर, मुकद्दर नहीं बिकता.. तदबीरों से बनाए जाते हैं मुकद्दर, तक़दीर खुद ही आ जाए रफ्ता रफ्ता..

मेरी बेबसी को मशहूर ना कर, माना बड़ा जालिम है तू जमाने, फिर भी मजबूर ना कर, और मजबूत है बहुत हम अंदर से, माना टूटे हुए दिखते हैं, तू मजबूर ना कर! अक्सर मजबूर […]

अभिव्यक्ति बस दिल से:- ************** रोते नहीं हैं हम बस सिसकते रहते हैं तेरी यादों में आहें हम भरते रहते हैं नासमझ है तू जो नहीं चाहता मुझको ना जाने कितने दिल हैं जो मेरी […]

किसी के लिए दोस्त फरिश्ते हैं किसी के लिए जिन्दगी जीने का बहाना मेरे लिए सिर्फ आस्तीन का सांप हैं नहीं है दिल में अब दोस्तों के लिए कोई ठिकाना…

लोग कहने लगे है, हम इश्क़ में पागल हो गए है। मैं कहता हूँ इश्क़ में पागल तो कोई कोई होते है।। शाहजहाँ भी मुमताज़ के लिए ही पागल हो गया। इसलिए आगरा में मुमताज़ […]

हमने उड़ते हुए बादल से पूछा कब तुम्हें बरसना है। उसने कहा नादान यह भी कोई पूछने की बात है ।। सभी को वफा के आशियाना तो एक मर्तबा बनाने दो। फिर देखना कैसे हम […]