कभी हीर ने मुझे राँझा कहकर पुकारा था, इश्क़ मे मैने खुद को हीरे- सा तराशा था। दुनिया की खातिर वह तो मुझे ठुकरा गये, जीते जागते इन्सान को पत्थर-सा बना गये। कौन यहाँ इस […]

पलके तेरी झुकी थी, ओठों पर था तुफान। संग चलने का इरादा किया, मुझ पर था एहसान। इस कदर एक साथ में चलें, हर मुश्किल हालात में चलें। आई जितनी परेशानियाँ, उन्हें कुचल हर हाल […]

तेरी दुआओं का असर है, वरना मैं तो मरने वाला था। एक हादसा जो टल गया, सर से जो गुजरने वाला था। जिंदा तो हूं पर हाथ नहीं है, वरना मांग तेरी भरने वाला था। […]

तमाशा देखने वाले आ गये, मेरे शहर मे कहां से ये लोग आ गये। सबूत देना होगा सबको अपने मौजूद होने का, आज कुछ अपने भी ऐसे हालात आ गये।

तमाशा देखने वाले आ गये, मेरे शहर मे कहां से ये लोग आ गये। सबूत देना होगा सबको अपने मौजूद होने का, आज कुछ अपने भी ऐसे हालात आ गये।

ज़िन्दगी इतनी भी आसान नहीं, हर कदम मुश्किलों से लड़ना है, तो कभी हँस कर आगे बढ़ना है।। ज़िन्दगी एक जंग से कम नहीं, ख़ुद से, कभी गम से झगड़ना है, जीत अपने दम पर […]

आनन्दपुर छूट गया हमें इसका तनिक मलाल नहीं। इस गम को कैसे झेललेंगे ,दो वीरा अपने नाल नहीं।। दूर गया नहीं हमसे , तेरा वीरा ,मेरे सोना मेरेकाका । धर्म ध्वजा के रुप तुम्हारा वीरा […]

पहेली क्या है? शब्दों की जब होड़ मचे, चित्र विचित्र सा रूप रचे, अनजाने सा प्रतीत करे, उत्तर की खूब कहे, पर उत्तर को ना प्रकट करे, घूमे ये देश विदेश सारा, पर जवाब होता […]

मोहब्बत की कर नज़रे-करम मुझ पर। यूँ ना बरपा बेरुख़ी की सितम मुझ पर। तेरी मोहब्बत के तलबगार हैं सदियों से, अपनी मोहब्बत की कर रहम मुझ पर। न मिलेगा मुझसा आशिक कहीं तुझे, तेरी […]

मन्ज़िल की तलाश में खुद राहों को आना पड़ा, ख्वाबों की तलाश में जैसे आँखों को जाना पड़ा, चाँद सूरज जब रौशनी कर न सके मेरे दिल में, छोड़ कर घर अपना फिर जुगनुओं को […]

हॉय पूस की रात, तू कितना दर्द देता है। वो मुझसे दूर क्या हुई, उसके संग गुजरा हर लम्हा याद आता है।। हॉय पूस की रात, तू कितना दर्द देता है। मैं उसका मन था, […]

मेरी एहसास तू है। मेरी हर सांस तू है। यहीं है, तू यहीं कहीं है, मेरे आस-पास तू है। मेरी जज़्बात तू है। मेरी कायनात तू है। कटे न एक पल तुझ बिन, मेरी दिन-रात […]

काश कि हर इंसा को होता, किसी की भूख का एहसास काश कि हर इंसा को होता, अपमान की तकलीफ़ का एहसास काश कि हर इंसा को होता, किसी के दर्द का एहसास काश कि […]

यादों के समन्दर में डुबकी लगाते हैं, तुझे हर पल पास अपने पाते हैं। तु करती हैं वेवफाईं पर, एहसास हमें रोज मिला ही जाती हैं। तेरे हालात मेरे पास पहुँच जाते हैं, तेरे रूदण […]

एहसास की दहलीजों पर कुछ शब्दों के घेरे हैं इस प्यार की राह में अक्सर कुछ दर्द तेरे-मेरे हैं तुम दूर कहीं ना जाओ पल-पल ये दिल कहता है वीरान है तुझ बिन दुनिया एहसास […]

ए बारिश तेरे रूप अनेक, तू समझ किसे ही ना आती कभी तरसाए मौसम में, कभी बेमौसम बरस जाती आते जाते आँसू कभी , खुशी और गम के दे जाती कल्पना तेरे बिना जीवन की, […]

ख्वाबों में जिसको देखा था मैंने, हकीकत में साथ वो रहने लगा है सोचा था साथ कौन देता है अब, हर कदम साथ वो चलने लगा है दिल की बातें किसे सुनाती, बिन बोले सब […]

तुम बिन मैं एक बूँद हूँ, तुम मिलो तो सागर बन जाऊँ… तुम बिन मैं एक धागा हूँ, तुम मिलो तो चादर बन जाऊँ… तुम बिन मैं एक कागज हूँ, तुम मिलो तो किताब बन […]

ये एहसास भी क्या चीज है? असत्य को सत्य में तुरन्त बदल देती है , ये एहसास। मन में आस्था जगे तो दिल में भगवान प्रकट करती है, ये एहसास।। एहसास हीं तो आस्था की […]

क्यों झर-झर बहती आंखों में यूं आंसू बनकर आते हो, और सूखी पत्ती जैसे दूर चले भी जाते हो एहसास मेरा है नहीं तुम्हें क्या यही जताते रहते हो और चलने वाली हवा में पानी […]

वाह रे कुदरत तेरा भी खेल अजीब। मिलाकर जुदा किया कैसा है नसीब। जब सख्त जरूरत होती है तुम्हारी, तब तुम होती नहीं हो, मेरे करीब। सब कुछ है पास मेरे, पर तुम नहीं, महसूस […]

धोर अंधेरा शीत लहर संग बादल नभ से किनमिन है। घेर लिया मुगलों ने हमको बचना अब नामुमकिन है।। परवाह नहीं वो हजारों में पर हम भी पूरे मन भर हैं। आज्ञा दे दो हमें […]

जीने को यूँ जीती हूँ जैसे कोई गुनाह किये जा रही हूँ मैं। गीत भी गा रही हूँ, ईद भी मना रही हूँ। ज़िन्दगी की बज़्म फ़िर सजा रही हूँ मैं।

धर्म बचाने के खातिर अपना सर्वस्व बलिदान दिया। हुए पिता कुर्बान थे उनके पुत्रों ने भी बलिदान दिया।। कटा दिए सिर एक एक कर पर चोटी नहीं कटाई। अनशन कर प्राण दिया पर जूठी रोटी […]

खुश रहने की वजह ढूंढ़ोगे, तो कम ही मिलेंगें। यहाँ हर चेहरा हस रहा बाहर से, पर अन्दर तो गम ही मिलेंगें।। झाँक कर देखोगे दिल की बस्ती में, तो बस खाली शहर ही मिलेंगें। […]

ये कुछ नहीं गंदी राजनीति का किस्सा है। पता ही नहीं वो क्यों भीड़ का हिस्सा हैं। ये जो लोग सड़कों पर उतर आए हैं। असली चेहरा दुनिया को दिखाए हैं। शरणार्थी तो देश के […]

ये पूस का महिना कैसे हम भूला देंगे? सुना के कहानी बाल वीरों की सब को हम रुला देंगे। रात अंधेरी थी घनघोर नभ में बादल थे पुरजोड़। निकल पड़े परिवार सहित किला आनन्दपुर छोड़।। […]

हिन्दी ओज कविता- भारत भाग्य जगाओ जागो हे महाकाल हे महादेव हे हरिहरनाथ तुम | करो दंडित दानवो देशद्रोहियों हे भूतनाथ तुम | विपदा भारी भारत आज अब आन पड़ी है | खंडित करने राष्ट्र […]

ये पूस का महिना कैसे हम भूला देंगे? सुना के कहानी बाल वीरों की सब को हम रुला देंगे। रात अंधेरी थी घनघोर नभ में बादल थे पुरजोड़ । निकल पड़े परिवार सहित किला आनन्दपुर […]

जनाब!अपने दिल को सम्हाल कर रखिये, दुनिया से आप इसको जरा बचा कर रखिये। असर हुआ है अगर इस पर किसी की बात का, तो अपने दिल को पत्थर-सा का बना कर रखिये।

जरूर मेरा दुआँ रंग लाया होगा, इसलिए तेरा आँचल पाया होगा। ईश्वर भी तरशता होगा, माँ तेरी एक झलक को। मुझे मिला तेरा गोद, इस जन्म में। मेरे ऊपर जरूर, अच्छे कर्मों का साया होगा।