मेरा जीवन साथी
मैं कितना भी हूं उदास,
वो हंसा ही देते हैं,
मुरझाईं कली को ,
फिर से खिला ही देते हैं,
करता होगा जमाना मोहब्बत,
अपने महबूब से,
मगर वो है कि उसे अंजाम तक
पहुंचा ही देते हैं,
और बहुत ख़ाली-खाली थी
जिन्दगी मेरी,
वो खुशियों की फुहार से
उसे भर ही देते हैं,
वो खुशियों की फुहार से
भर ही देते हैं।
अतिसुंदर
धन्यवाद सर
वाह वाह
धन्यवाद सर
Lovely
Thank you so much
Marvelous
Thank you so much
बहुत खूब
धन्यवाद सर
Very Nice!
धन्यवाद सर
Good. Keep it up.
Thank you
Bhott sundar
धन्यवाद
बहोत ही मोहक मधुर रचना । अति सुंदर भाव
Thank you
Very good
धन्यवाद