हवा आजकल कुछ जवाँ सी जवाँ है, दिले धड़कनें भी जवाँ सी जवाँ है। उदासी नहीं रख कहीं मन लगा ले, अभी तो जवानी जवाँ सी जवाँ है। अंधेरा तुझे रोक पाये कभी ना खिली […]

छोटी सी है बिटिया रानी ऐसी लगती बड़ी सयानी, अपनी ही भाषा में जाने क्या कहती है गुड़िया रानी। वॉकर में बैठाओ कहती उसमें पांव टिकाकर चलती खड़े नहीं हो पाती है पर करती है […]

बाल कविता – स्कूल बैग *********** मेरा प्यारा स्कूल बैग सुन्दर सा है स्कूल बैग, चलती हूँ तो पीठ में रहता न्यारा सा है स्कूल बैग। सभी किताबें और कापियां रहती प्रेम भाव से इसमें, […]

चीन की कठपुतली बनकर कब तक ऐसा व्यवहार करोगे, लड़ना है तो खुलकर आओ कब तक छिपकर वार करोगे। पाकिस्तान, नेपाल आदि तुम अभी समय है संभल भी जाओ, दूजे की बंदूक उठाकर कब तक […]

कल रात स्वप्न में वो मेरे आई, धीरे से रजाई उसने मेरी सरकाई | रखा तब सर उसने सीने में मेरे, बैठी जब आकर पास सिरहाने मेरे | मैं अब कुछ गुनगुनाने लगा था, उसकी […]

कहाँ कभी ऐसा किसी ने सोंचा था एक पीङित, शव से विस्तर साझा करेगा। यह प्रकृति का कहर, या बढती आवादी की लहर जिन्दगी और मौत, जैसे संग-संग, गयी हो ठहर। एक तरफ शान्त, बिना […]

आदतों में कहाँ ये शुमार है अपनों के लिए जगह नहीं बस औरों के लिए प्यार है । आपकी अदा है आपका अपना यह सारा जहाँ बस गैरो की खातिर अपने से ही टकरार है […]

तुम्हारे और मेरे रस्साकशी में पीस कर रह गये अरमान हमारे तुम भी अपनी मर्जी के मालिक समझे न जज़्बात हमारे । पर अब और नहीं खुद पर गैर को हावी होने देंगे अपने हक […]

सवाल और गम के थपेडों के बीच पिसकर रह गये मेरे रूह और जिस्म समझने की कोशिश में, समझते- समझते सारी ख्वाहिश स्वाहा, बस मन में अवशेष है टीस

कैसे बताऊ जिंदगी कितना प्यार है तुझसे, उम्र ढल रही है ऐसे, मानो रेत हाथ से जैसे | कैसे बताऊ जिंदगी कितना प्यार है तुझसे, काश समय की इस रफ्तार को रोक पाता, समेट लेता […]

दिल पर एक बोझ लिये घूमती हूँ ना जाने कहाँ रहती हूँ क्या सोंचती हूँ दिल की बेचैनी और बढ़ जाती है जब तेरे करीब से गुजरती हूँ तुम्हें हो ना हो मेरी जरूरत पर […]

सब संभव हो यदि हम पूरे मन से चाह ले क्या नहीं बस में है अपना जो खुद की क्षमता जान ले राह निकल ही आए, घनघोर अंधेरे में भी, जो उम्मीद का दामन थाम […]

एक से दूसरी, दूसरी से तीसरी पटरी पर पटरी बदलता हूं क्या कहूं मैं प्रेम की गाड़ी में रोज सफर करता हूं इन गाड़ियों के डिब्बों से, रोज दिल मेरा मचलता है कभी नीला, कभी […]

तुम नहीं हो तो कुछ भी अच्छा नहीं लगता तन्हाई से निकलने का रस्ता नहीं मिलता गुजरा जाता है यूं तो दिन धीरे-धीरे पर जिन्दगी तुझ बिन बिताना अच्छा नहीं लगता…

कविता में वो भाव नहीं हैं, जो मैं कहना चाहूं स्वर में वो माधुर्य नहीं है जो तुम्हें सुना मैं पाऊं वाणी में वो चातुर्य नहीं है कैसे मैं समझाऊं कविता में वो भाव नहीं […]

*****हास्य रचना***** कल शाम को बाज़ार गई थी लाने को अपना कुछ सामान सात महीने पहले सिलाया , नया सूट पहना, लॉक डाउन ना होता तो अब तक तो हो जाता वो पुराना पहले चुनरी […]

हे माँ! तू जीवनदायिनी । तू है माँ इस जग की माता, तेरी ममता हर कोई पाता तुमसे है हमसब का नाता पुत्र कुपुत्र सुने हैं भव में पर तू तो है वरदायिनी, हे माँ! […]

तुम नहीं हो तो कुछ भी अच्छा नहीं लगता तन्हाई से निकलने का रस्ता नहीं मिलता गुजरा जाता है यूं तो दिन धीरे-धीरे पर जिन्दगी तुझ बिन बिताना अच्छा नहीं लगता…

हर हर महादेव अब संघार बहुत हुआ थोङी सी करूणा बरसा जाओ। कहलाते हो औघरदानी तुम सन भला कौन विज्ञानी इस व्याधी से, हर परेशानी से मानवता को निजात दिला जाओ । देख तेरे सुत […]

दूर रहकर जीवन यापन करने का फैसला तुम्हारा था मैंने तो बस साथ निभाया, सम्मान किया, जो एकतरफा निर्णय तुम्हारा था। ये खामोशी जो घर बना ली है हम दोनों के दरमियां इसकी बहाली भी […]

रोज़ 9 बजे से 5 की ड्यूटी फिर ओवरटाइम बचता इतना सा समय जब लिखता हूँ फिर आया लॉक डाउन जब घर मे बंद काम बंद सब बंद भूख से बदहाल ज़िन्दगी सपने जो थे […]

यूं मेरे प्यार पर बेवजह शक न जताया कर, खामोश हूँ, बेवफ़ाई का इलज़ाम न लगाया कर | जमाने में हँसी हो मुझे ऐसे नज़रअंदाज़ न कर, चाहत हो तुम मेरी इस बात का इक्तिराफ […]

इस तरह बम पटाखे फोड़ो मत, कान डरते हैं, कान फोड़ो मत। निर्दयी से करो किनारा तुम दया धरम की राह छोड़ो मत। मिलो ऐसे मिलो, दूध में बतासे से कच्चे धागों में खुद को […]

देवी माँ का पूजन कर लो लेकिन अपनी मां मत भूलो, जिसने जनम दिया तुमको वृद्धाश्रमों में ठूँसो। थोड़ा सा सोचो-समझो, बुजुर्गों की इज्जत कर लो, अपने संतोष की खातिर उनको वृद्धाश्रमों में मत ठूँसो। […]

नयन आपके राह भटका रहे हैं, जरा सा चलें तो अटका रहे हैं। हुआ क्या अचानक उन्हें आज ऐसा हमें देख जुल्फों को झटका रहे हैं। इल्जाम हम पर लगाओ न ऐसे, दिल ए द्वार […]

दिल ले के वो नादान, दग़ाबाज़ी करते चले गए। रेत में हम उनके लिए, महल बनाते चले गए।। हमें क्या पता था, खूबसूरत समंदर की बेवफ़ाई। हम तो समंदर की सुरत पे, एतवार करते चले […]

झूमे जा रहा था मस्ती में कि उनसे नजरें चार हुई ब्रेक गाड़ी पर उसने लगवाया, और इनायत दिल की हुई खुद को संभाल पाता कि शिकार नजरों का हो गया कहना कुछ और था […]

देवीगीत:- ‘नवरात्रि स्पेशल’ ********************* माँ शेरोंवाली तेरी जय होवे ओ जोतावाली तेरी जय होवे| ‘प्रज्ञा’ झुकाए तेरे चरणों में शीश माँ माँ शेरोंवाली तेरी जय होवे| पूरी कर दे माँ मुरादें अपने भक्त की ओ […]

कल्पना की दुनियां, बहुत ख़ूबसूरत हकीक़त इससे कहीं तो जुदा है कभी मेल खाती, कभी दूर जाती हकीक़त की दुनियां है, कल्पना सी कहां है .. *****✍️गीता

क्रोध ना किया करें, क्रोध से रहें परे गुस्सा है माचिस की तीली सा, औरों को जलाने से पहले खुद को जलना पड़ता है ये वो विष हैं जो, औरों को पिलाने से पहले खुद […]

आया है, नवरात्र का दिन, एक विनती, सबसे से करते हैं,| श्रध्दा और, विश्वास भी हो, प्रेम और, पूजा पाठ भी हो | मूर्ति विसर्जन करना भाई, प्रदूषण का ध्यान भी हो| ज्योति जलाओ, प्रेम […]

कर के शेर की सवारी, आई माता रानी प्यारी आई शुभ नव-रात्रि, मांग लो मुरादें ,माता रानी से ऊंचे पर्वत पर मंदिर मां का, बेहद लंबा रस्ता है, यहां का बाण-गंगा का शीतल जल, करता […]

क्यों न होगा दूर तम ,माँ को याद करके देखिये भावनाओं के भवन से भय भगाकर देखिये ज़िंदगी खुशियों से भरी नज़र आयेगी जागती ज़िन्दादिली से ,माँ को हृदय में बसाकर तो देखिये || माँ […]

खो गये सारे शब्द अब जाने कहाँ ! जज्बात भी चादर ओढ़ सो गये कल्पना भी अब कहीं विचरण नहीं करती सपने सारे सपने हो गये मेरे अन्दर की कवयित्री अन्तस के आरेख’ बन गई […]

अब मेरी कलम में वो बात नहीं रही दिल के अल्फाजों में वो बात नहीं रही… लिखने को तो लिख देते हैं टूटी-फूटी शायरी पर जो बात पहले की कविताओं में हुआ करती थी वो […]

आज तुमसे बात करके लगा यूँ लगा जैसे वर्षों बाद मेरी साँस में साँस आई.. ना तुम बदले ना तुम्हारा अंदाज जैसे तुम थे वैसे ही हो जैसी मैं थी वैसी ही हूँ.. बदला तो […]

चुपके से रोज मैं उससे सवाल करता हूं, स्टेटस पर तस्वीर देखकर, उसे प्यार करता हूं | गोल सी आंखों में सपने उसने जो सजाए हैं, लगता है मेेरी कल्पनाओं से बड़ा मेल खाए हैं […]

आजकल वो अपना whatsapp status update नहीं करती, जाने क्यों face पर अपने smile create नहीं करती | इंतजार में उसके phone अपना alert रखता हूं, hang होने के डर से बराबर इसे reset करता […]

ऑन लाइन कक्षाएं चल रही थी, हमें कुछ बातें भी खल रही थी आज शोर कुछ ज्यादा ही था, किसी से किया एक वादा भी था अपने भी काम कुछ कम नहीं होते, पढ़ाने का […]