आज किसी ने सोये हुये ख्वाबों को जगा दिया भूली हुई थी राहें भटके हुये मुसाफिर को मिला दिया जिंदगी का फलसफा जो कहीं रह गया था अधूरा मुरझाई हुई तकदीर को जीने के काबिल […]

जब जब गरजा धोनी का बल्ला विश्व पताका लहराई 1983 के बाद ,2011 में ट्रॉफी आई स्टम्पिंग और बैटिंग देखकर जिसकी दुनिया स्तब्ध हो जाती थी शान्त रहकर कैसे देते हैं मात धोनी ने ही […]

गांव की ज़िन्दगी ,अब पहले जैसी नहीं जहाँ रिश्ते तो हैं ,वह मिठास नहीं जहाँ मिट्टी तो है ,पर खुशबू नहीं जहाँ तालाब तो है ,पर पानी नहीं जहाँ आम बौराते तो हैं ,पर सुगन्ध […]

वक्त ने किससे क्या क्या न करवाया है कभी रोते को हंसाया है तो कभी हँसते को रुलाया है कभी ख़ुशी से दामन भर देता है तो कभी ग़मों को तकदीर में शामिल कर देता […]

बहुत देखी गमगीन गुलामी आजादी के वीरों ने कतरा कतरा बहा दिया भारत माता के चरणों में भारत देश हमारा सोने की चिड़िया कहलाता था देश का परचम खुले गगन में लहर -लहर लहराता था […]

कविता :कुछ पल नीला आकाश ,आकाश में उड़ते पंक्षी सागर की लहरें ,लहरों पर चलती नाव रिमझिम बरसता पानी ,वो ओस की बूंदे मानो सब कुछ कह देती हों ऐसा लगता है रख लूँ ,समेट […]

रक्त रंग जब एक सा है है सूरत सबकी एक सी फिर क्यों बाँटी है मानवता ,क्यों सरहद की लकीरें खींची हैं क्या ईश्वर ने बनाया है जाति-पाति यह सब मानव की करनी है एक […]

ये नशा जो युवाओं के रक्त में घुल रहा है चलती फिरती लाशों का ये जहान हो रहा है जीवन की बगिया में खिलते पुष्पों को दबा रहा है कंकालों और हड्डियों की दुनिया बसा […]

कहीं खो गया है आभासी दुनिया में आदमी झुंठलाने लगा है अपनी वास्तविकता को आदमी परहित को भूलकर स्वहित में लगा है आदमी मीठा बोलकर ,पीठ पर वार करता है आदमी चलता जा रहा है […]

इंसान एक कठपुतली है ,जो वक्त के हाथों चलती है आती जाती सांसों पर ,वक्त की गिनती रहती है वक्त जब अंगड़ाई लेता है ,सूर्य ग्रहण लग जाता है वक्त सौदागर होता है ,प्रतिपल जीवन […]

परिश्रम की अग्नि में तपकर सफलता का रंग बिखरता है काटों का भी संग देखो ,फूलों को नहीं अखरता है इस दुनिया में कुछ करके दिखाओ दिन जल्दी जल्दी ढलता है बीज भी तो मिट्टी […]

मेरे ख्वाबों में है एक तस्वीर दिल पर लिखा है एक नाम अनदेखी नज़रें मिलने को हैं बेकरार जिनमें होगा बस प्यार ही प्यार दूर से ही कदमों की आहट सुनाई देती है और दिल […]

हंसी ख़ुशी कहीं ,गम की वादियों में खो गयी आज देखो दुनिया क्या से क्या हो गयी दूसरों की सफलता पर ,जो बजती थी तालियाँ वो तालियाँ अब कहीं चिरनिद्रा में सो गयी दूसरों की […]

पर्यावरण है जीवन हम सब का ,आओ इसका सम्मान करें क्यों बिगड़ रहे हालात ,इस बात का ध्यान करें हरियाली क्यों ख़त्म हो रही ,धधक रही क्यों सूर्य की ज्वाला बढ़ता प्रदूषण बना रहा ,हिम […]

दिल में कुछ ,जबान पर कुछ नजर आता है अपनों में भी ,शत्रु नजर आता है कुछ पलों की मुलाकात से ,पहचान नहीं सकते किसी के ह्रदय में क्या है ,जान नहीं सकते हर चेहरे […]