“वो अज़ीज़ भी हैं, वो नसीब भी हैं; दुनिया की इस भीड़ में दिल के करीब भी हैं; जिनके साथ से चलती है यह ज़िंदगी हमारी; वो खुदा भी हैं और हमारी तकदीर भी हैं। […]

बेटियों का कल बेहतर बनाने को, आओ उनका आज संवारें। बेटी पर अभिमान करो, जन्म लेने पर उसका सम्मान करो। बेटी को शिक्षा का अधिकार दो, बेटी को भी बेटों जैसा ही प्यार दो। उसकी […]

अनुभव  के अतिरिक्त कोई आधार नहीं , परमेश्वर   का   पथ   कोई  व्यापार  नहीं। प्रभु में हीं जीवन कोई संज्ञान  क्या लेगा? सागर में हीं मीन भला  प्रमाण क्या  देगा? खग   जाने   कैसे  कोई आकाश  भला? दीपक   जाने  क्या  है  ये  […]

एक ऐसी ज़िन्दगी, जो किसी कला के साथ, एकान्त में जीना सिखा दे, स्वयं के लिए कुछ वक्त देना सिखा दे। प्रभु ने किया मुझे सम्मानित, एक ऐसी ही कला से जिसे लोग प्रभु का […]

धन उतना हो पास में जितने से हो शांति, उस धन से क्या फायदा मन में रहे अशांति। शांति नहीं गर जिगर में खो जाती है कांति उल्टा-सीधा धन कमा आ जाती है क्लान्ति। जीवन […]

कागज़ की कश्ती लेकर, दरिया पार करने चल दिए। हम कितने नादान थे, अरे! यह क्या करने चल दिए। बचपन तो नहीं था ना, कि कागज़ की कश्ती चल जाती, भरी दोपहर में यह क्या […]

कौन हमसे आगे निकल गया, कौन हमसे पीछे रह गया, केवल यही ना देखना मानव, देखना है तो यह भी देखना कि, कौन हमारे साथ है, जुड़ना बहुत बड़ी बात नहीं, जुड़े रहना बहुत बड़ी […]

अपनी आदत बदल कर, पाओ खूब सुकून। रोज सीखना है नया, ऐसा रखो जुनून। सोते समय नहीं कभी, हो उलझन में ध्यान, कभी कभी तलवार को दे दो उसकी म्यान। गुस्सा छोड़ो आप भी नींद […]

पैदाइशी समझदार तो हम भी न थे, मगर परिस्थिति ने समझने लायक बना दिया पैदाइशी जिम्मेदार तो हम भी न थे, मगर छोटी सी उम्र में आई जिम्मेदारी ने जिम्मेदारी उठाने लायक बना दिया। हमारी […]

कविता -मुझे वरदान दो —————————- वरदान दो वरदान दो मुझे वरदान दो, उठी है जो लहर मुझ में हो विकट रूप जैसा गति तेज सुनामी जैसा साकार हो आकार हो प्रकार हो ,मेरे ना विपरीत […]

ये सृष्टि हर क्षण अग्रसर है विनाश की ओर… स्वार्थ, वासना और वैमनस्य की बदली निगल रही हैं विवेक के सूर्य को..!! सुनो! जब दिन प्रतिदिन घटित होतीं वीभत्स त्रासदियाँ मिटा देंगी मानवता को जब […]

जख़्म तुझको मैं दिखा देता हूँ, दर्द अपना मैं भुला लेता हूँ। पास आकर जो बैठ जाते हैं, उनको अपना मैं बना लेता हूँ। कहते हैं मुझसे मन की अपनी, मैं भी मन उनसे लगा […]

आप इतने निडर बनो, डर डर से भग जाय, सच का चिमटा साथ हो, भूत स्वयं भग जाय। आगे ही बढ़ते रहो, पीछे मुड़ो न आप, सच की माला हाथ में, राम नाम का जाप। […]

क्षण में जीना सीख ले, क्षण जाता है बीत। रुकता नहीं एक भी क्षण, चलना इसकी रीत। कर क्षण का उपयोग तू, पीछे की सब भूल, अभी अभी है जिन्दगी, आगे पीछे शूल। क्षण मत […]

हौसला निशीथ में व्योम का विस्तार है हौसला विहान में बाल रवि का भास है नाउम्मीदी में है हौसला खिलती हुई एक कली हौसला ही है कुसमय में सुसमय की इकफली हौसला ही है श्रृंगार […]

पास बैठे हो बहुत ही खूबसूरत है नजारा कैद करना चाहता है इन पलों को मन हमारा । जिन्दगी की खुशी सबसे बड़ी तो आप हो आज आई है खुशी जब आप बैठे पास हो। […]

सच्चा सच में रह गया, ठगा ठगा सा आज, आशा चोरी कर गये, अपने धोखेबाज। जिनके मन में जम रहा, काले धन पर नाज, वे भी आज सफेद से, खूब दिखे नाराज। भूखा चूहा रेंगता, […]

( वेब सीरीज तांडव के खिलाफ एक ललकार ) बॉलीवुड के जो भड़वे कलाकारी के नाम पर देश धर्म और संस्कृति को निशाना बनाकर देवी देवताओं पर व्यंग बनाने का भीषण अपराध कर रहे हैं […]

पुराने मित्र मेरे! जिंदगी की, हर ख़ुशी तुझको मिले, तेरी खुशियों से निकल कुछ तार मुझ तक भी जुड़े हैं, ठण्ड से सिकुड़े हुए से, बेरहम यादें संजोये, गाँठ बांधी हो किसी ने संवेदनाओं के […]

सच्चा सच में रह गया, ठगा ठगा सा आज। आशा चोरी कर गए, अपने धोखेबाज।। जिनके हृदय में रहा, काले धन पर नाज। वे क्यों ऐसे श्वेत से, आज हुए नाराज।। भूखा चूहा रेंगता, देख […]

सोच समझ के बोल रे बंदिया सोच समझ के बोल जो तु बोले, तेरा पीछा ना छोड़े मांगे हर अल्फाज़ अपना हिसाब मान-अपमान दिलवाते, दिखलाये संस्कार यही बनाए तेरे वैरी यही बनाए यार सोच समझ […]

खुद को कमतर आंक मत, खुद पर रख विश्वास, दूर रह उन चीजों से, जो देती हों त्रास, जो देती हों त्रास, मार्ग तेरा रोकें जो, उनसे मत कर नेह, तुझे कमतर मानें जो। कहे […]

**हास्य रचना** हिन्दी की परीक्षा थी उस दिन, चिंता से हृदय धड़कता था बूंदा-बांदी भी हो रही थी, रह-रहकर बादल गरजता था। भीगता-भागता विद्यालय पहुंचा, पर्चा हाथों में पकड़ लिया, फ़िर पर्चा पढ़ने बैठ गया, […]

भलाई याद रखो बुराई भूल जाओ डिगो मत सत्यता से भले सौ शूल पाओ। कभी खुशियों के झूले आप भी झूल जाओ, अहो, चिंता की बातें कभी तो भूल जाओ। नजरअंदाज करना कला है सीख […]

तीन छात्र थे केवल कक्षा में। आ बैठ गए तीनों परीक्षा में।। प्रथम श्रेणी में पास किया एक दूजा द्वितीय दर्जे को पाया। तीजा तेतीस फीसदी लाकर तीजे दर्जे तीजे स्थान पे आया।। अफसोस कि […]

डायरी के हर पन्ने पे तेरा नाम लिखती हु   लिखती हु मिटाती हु फिर याद करती हूं लिखते लिखते हर पल भूल जाती ह   इस मोहब्बत में इतनी मसरूफ होती हूं जब भी […]

गज़ल – प्यार की महक | तुम्हारे प्यार की महक अभी बाकी है | दूरिया ही सही तेरी याद अभी बाकी है | रहे जहा बनके चाँद तू चमकता रहेगा | तू पास रहे न […]

गोदामों में अनाज न सड़े बल्कि जरूरतमंद को मिले गरीब के भूखे बच्चों को पेट भरकर खाने को मिले। सरकारी स्कूलों में तगड़े नियम लगें, गरीब के बच्चे भी उच्चस्तरीय पढ़ें। मध्याह्न भोजन योजना तक […]

बेरोजगार की हालत कब सुधरेगी, कैसे सुधरेगी, कब बनेंगी नई नीतियाँ। कब खुलेंगी खूब भर्तियां। कोचिंग कर चुके नौजवान को कब मिलेगा परीक्षा देने का मौका कब चलेगा उनका चूल्हा चौका। परीक्षा कोई पास कर […]

प्रकृति से दूर हो रहा मानव दु:खों से चूर हो रहा मानव, वन प्रकृति की आभा बढ़ाते , शुद्ध पवन दे उम्र बढ़ाते वृक्ष बचाओ वृक्ष लगाओ वरना एक दिन पछताओगे, ना खाने को भोजन […]

नही था कोई एहसास उसके होने का घर मे क्यों क्योंकि वो एक बेटी थी नही थी कोई एहमियत उसकी ओर न थी उसके मुंह मे ज़ुबाम छीन ली थी जन्म से पहले ही उसकी […]

टन- टन टन- टन करते वो फेरीवाला आता था। गदा के जैसे डब्बा अपने काँधे पर ले आता था।। सिर पे टोपी गले में गमछा नाक पे ऐनक बड भाता था। बम्बई मिठाय,,लड़का सब खाय […]

किस्मत से ही मिलती है जगह किसी दोस्त के दिल में, यूं ही तो कोई शख्स, जन्नत का हकदार नहीं होता। अच्छे दोस्त मिलते हैं, अच्छे नसीब से ही, यूं ही तो किसी को किसी […]

चोट दूजे को लगी हो आपको यदि दर्द हो तब समझना आप सचमुच में भले इंसान हो। आजकल सब को है मतलब बस स्वयं के दर्द से औऱ का भी दर्द देखे यह मनुज का […]

यह जो जिंदगी इतना सबक सिखाऐ जा रही हो मुझे अनुभवों का पुलिंदा बनाऐ जा रही हो जिंदगी है चार दिन की क्यों इतनी मगजमारी किऐ जा रही हो ।

दर्द का घमंड चूर करो दर्द में खूब हँसो तोड़ पाये न हौसला अब यह खूब हंसकर कर इसे तुम दूर करो। मुश्किलों से न घबराओ कभी बल्कि आ जाओ जिद में मुश्किलें हार जायें […]

दिया बनकर लड़ो अंधेरे से खुद भी रोशन रहो सभी को रोशनी दो, किसी की जिन्दगी में अगर हों स्याह रातें, आप बनकर सहारा उन्हें भी रोशनी दो। प्रेम ही है उजाला उसे बांटो सभी […]

कविता-भाई खुश हो ————————– भाई खुश हो, आज तुम्हारा जन्मदिन है, मैं तो तुमसे दूर हूं मेरा आशीष तुम्हारे साथ है, प्यार मिले , सत्कार मिले, सम्मान मिले, मिले जगत से – खुशियों का सार […]

नव वर्ष की उमंग सी होती है बेटियां, संगीत की तरंग सी होती है बेटियां मां-बाप के हर दर्द में रोती हैं बेटियां, सागर से निकले मोती सी होती है बेटियां सुमधुर काव्य-गायन सी होती […]

दिनकर आए हैं कई दिनों के बाद, विटामिन डी ले लो। बांट रहे हैं मुफ्त में सौगात, विटामिन डी ले लो। बातें करो धूप संग कुछ देर बैठ कर, किरणों को बैठाओ देकर आसन दिनकर […]

अंधेरी रात में यूँ छोड़कर रूठ कर चल दिये थे तुम अचानक सोचते रह गए हम कि आगे क्या होगा, मगर देखा सुबह तो रोज की ही भांति सूरज उग आया। उड़गनों ने सदा की […]

हार गए इसलिए उदास हो ना खूब निराश हो ना दिल टूट गया है ना उत्साह रूठ गया है ना सब तरफ से हताश हो ना, हाथों में माथा टेककर सोच रहे हो ना क्या […]

ए ठंडी बयार सुनो न कभी मुझसे भी मिल जाया करो घड़ी दो घड़ी मुझसे बात करने आया करो अकेला है दिल मेरा कभी इसको ही बहला जाया करो दर्द से तड़पता है ये कभी […]

खुद पर न कर गरूर इतना   खुदा भी नाराज़ हो जाएगा इबादत है इश्क़ तो रब की   की जो इबादत तो रब भी खुश हो जाएगा बन जाएगा बिगड़ा काम भी   जो […]

वक्त ऐसा है हालात इस तरह के हैं कैसे आगे बढूं यह न सोच मन में। वक्त को बदल ले मेहनत से, न रख स्वयं को गफलत में, कि खुद ब खुद होगा सब कुछ, […]