महादेव शिव भोले की है, महारात्रि भक्तों आई, पावन दिन माँ गौरी जी हैं, अपने पति शिव को पाई, शिवत्व शिखर चेतना का है, क्यों न सभी हम पा जाएँ, कर कठिन तपस्या गौरी सी, […]

जुनून जिंदा है इस बात का सुकून तो है। बगैर जुनून के जिंदगी बस जहन्नुम तो है। सोचो मौसीक़ी न होती, जहान कैसा होता, शुक्र है कानों में घुलता मधुर तरन्नुम तो है। क्या सोचेगी, […]

अब बिहार में राजनीति का रहा न कोई जोड़ फिर से भागे चाचाजी एक बार भतीजा छोड़ बड़ी -बडी़ बातें करते थे बड़े – बड़े थे दावे कुर्सी के लालच में आकर देने लगे छलावे […]

शीत ऋतु की घटा धरा पर धुंध गगन पर छाई है ओस की नम बूंदे पत्तों पर प्रेम का सार लाई है झाँके भास्कर जब पृथ्वी पर अमृत सी बन वो आई है बर्फ की […]

नये वर्ष में नये तराने गाएंगे। खुशियों की चहुँओर बहारें लाएंगे। सुखता,संपन्नता व्याप्त हो चहुँ दिस में कष्ट न वाणी से हम अब पहुँचाएंगे।। नूतन विहान नव मंजुल मंगल हो जाए आशीष नेह ईश्वर का […]

हवा में जहर है, प्रदूषण का कहर है। सांसों पर बंधी हैं बेड़ियाँ जी हाँ ये दिल्ली शहर है। अरुणिमा मद्धम हुई है, कौमुदी कुम्हलाने लगी। तारों की रौशनी भी अब तो धुंधलाने लगी। हर […]

मौत पास आने पर क्या दिखता होगा? खौफ! सब कुछ खोने का, गुम हो जाने का? या दुःख! सबसे बिछड़ जाने का, और इतिहास बन जाने का? या फिर, अच्छी यादें! जो भी बिताए थे, […]

ज़रा ध्यान से देखो हिंदी हमारी भारतीयता की गौरव की कहानी स्वयं माथे बिंदिया चुनरिया ओढ़कर भारतीय सभ्यता संस्कृति दर्शाती दिन प्रितिदिन की बोलचाल में मुहावरे,लोकोक्ति भी शान से बोले वेद, पुराण, रामायण ,महाभारत हिंदी […]

ज़रा ध्यान से देखो हिंदी हमारी भारतीयता की गौरव की कहानी स्वयं माथे बिंदिया चुनरिया ओढ़कर भारतीय सभ्यता संस्कृति दर्शाती दिन प्रितिदिन की बोलचाल में मुहावरे,लोकोक्ति भी शान से बोले वेद, पुराण, रामायण ,महाभारत हिंदी […]

उसने रो रो कर एक दिन मुझसे कहा था, भुला तो ना दोगे मुझे, यूं चलती रहो में छोड़ तो ना दोगे मुझे, जगा कर मोहब्बत की कशिश मुझमें, अपने दिल से मिटा तो ना […]

चाॅंद पर पहुँचा चन्द्र यान है, सफ़ल हुआ भारत का अभियान है। तिरंगा चाॅंद पर लहराने लगा है, हर भारतीय मुस्कुराने लगा है। इसरो के वैज्ञानिकों को बहुत बधाई है, चाॅंद से बहुत खूबसूरत खबर […]

हर भारतीय के लिए खुशियों का मौका आया है चंदा मामा ने चंद्रयान को गले लगाया है भारत ने आज दुनिया को ये कर दिखाया है चाँद पर तिरंगा 🇮🇳 फहराया है

भारत में खुशहाली छाई इसरो वालों बहुत बधाई पूरे भारत का अभिमान आज बना है चंद्रयान बाधा बनी नहीं ऊंचाई इसरो वालों बहुत बधाई चांद पर ऐसे दिया है दस्तक ऊंचा हुआ है सबका मस्तक […]

गूँज उठा है ये संसार चारों ओर है जय जयकार मग्न हो करके थिरक रहे हैं शंकर शम्भू के शिवगण आज जाते हर वर्ष हरि के द्वार बहती है जहाँ गंगधार कांवड़ लेने कावड़ियों की […]

तेरे सिर पर सजके सहरा प्रश्न तुमसे जब करेगा यूँ मुझे मस्तक पर रखकर जा रहे किस ओर तुम हो तुम कहोगे जा रहा हूँ लेने अपनी संगिनी को, तो कहेगा रास्ता उधर है जा […]

प्राणों से प्रिय प्राण प्रिय हमारे जीवन की नैया के रखवाले सात वचनों से जुड़े डोर हमारे ईश्वर अनुकम्पा के मतवारे। चूड़ी की खनक बिंदी है साजे माथे चमके चाँद सितारे माँग में मेरे मोती […]

दुनिया के सब सितारे तुम्हेँ देख जगमगाते हैं, दुनिया की सब नदियों में तुम्हारी आवाज़ बहती है फूल कोई भी हों मुझे उनमें तुम्हारे देह की गंध आती है यद्यपि मैं तुमसे कभी नहीं मिला. […]

ख्वाबों की उड़ान मेरे मन की गहराई से, भावनाओं के रंग आपके संगीत की सहेलियों से। सूरज की किरणों में छलकती है खुशियों की धारा, हर सांस लेती है नई उमंग, हर दिन मनाता प्यारा। […]

ख्वाबों की उड़ान मेरे मन की गहराई से, भावनाओं के रंग आपके संगीत की सहेलियों से। सूरज की किरणों में छलकती है खुशियों की धारा, हर सांस लेती है नई उमंग, हर दिन मनाता प्यारा। […]

नजदीकियों का पता नहीं दूरियां ऐसे लिपटी है मुझसे रोना था फिर भी कैसे सबर होता उस वक्त से || बीत जाता है वक्त खर्च जाता है दर्द कैसे कीमत लगाउ में उधार है मेरा […]

चढ़ती हुई धुंधलाहट, बादलों में छुपता सूरज, उतरता हुआ नशा शराब का और चढ़ता हुआ नशा तुम्हारा इन तारो को जब मैने चांद के सामने टिमटिमाते हुए शर्माता देखा, शर्म के मारे मैने आंखें बंद […]

अपनी इच्छाओं को दबाते चले गए मेरे सपनो को अपना बनाते चले गए मुझे कभी अहसास भी नही कराया कि वो अपने ख्वाब छुपाते चले गए मेरे ख्वाबों को पंख दिए उड़ने के नए रंग […]

वह पन्नों को पलटाके फिर एक बार देखा, जो सच्चाई से वाक़िफ न हुई थी। अश्क के उन अक्षरों को पढ़ा, जिन्हें तस्सली फिकी मुस्कान से मिली थी। कसमों से भरी दास्तां बयां करती उस […]

मुझे ही नज़र मे बसाती है दुनिया नज़र भी मझी से चुराती है दुनिया ये दुनिया मेरे साथ चलती तो कैसे कदम जब ना मुझसे मिलाती है दुनिया ना देती है उंगली मुझे थामने ये […]

अक्सर लम्बी बातें होती, पर कभी उनमें वह बात नहीं थी! खामोशियोंने आज जो काम किया है बिना समझाए सब समझ आ गया है हालाकि सही है या गलत उसपर अभी भी पड़दा है! आखों […]

हँसी भी क्या चीज है जनाब कभी खुशी के मौके पर आ जाती है तो कभी रोते हुए । कभी खुशियोंका का पैगाम लाती है तो कभी पछतावे की बारिश लिए ।

क्या हुआ जो उम्र की एक शाम ढल गई, दिल में अभी उम्मीदों के सूरज हज़ार हैं। बगिया उजड़ गई जो आँधी तूफान से, नए बीज अंकुरण के लिए फिर तैयार है। नाकामियों के डर […]

काफी दूर चले आए थे , रिश्तों को निभाते निभाते , खबर मिली की सब कुशल है , मगर खुद को खो दिया सबको पाते पाते । इंतजार मत करना की मैं कब आऊंगा , […]

वो अक्सर गुम रहती है ख़्यालों में, उसके वो ख़्याल हो जाने के ख़्वाब बुनता हूँ मैं। वो आँखों से बातें करती है, मैं अपनी आँखों से चुनता हूँ उन्हें। उसे श्रृंगार करना पसंद है, […]

मैने प्रेम शिव पार्वती से सीखा है!❤ एक राजकुमारी मैना की, दूजा था भोला वैरागी, इस कथा को संग दोनो ने सींचा है, मैंने प्रेम शिव पार्वती से सीखा है! एक हट रही देवी सती […]

आँख ऐसी कि कमल तुमसे निशानी मांगे , जुल्फ ऐसी कि घटा शर्म से पानी मांगे | हुस्न ऐसा कि अजंता का अमल याद आये, संगमरमर में ढला ताजमहल याद आये ||

शायद मुल्य अधिक वो पायेगा। रिमझिम बारिश की ये बूंदे, मेघा उपर से फेक रहा एक टक लगाए वो सबकुछ शांति से है देख रहा बारिश की बूंदे पड़ी भूमि पे, उसने हाथों को चूमा […]

तोल-मोल, लेन-देन आंसुओं की भी कीमत समझाएं रिश्ते भी कैसे-कैसे रूप दिखाएं। रिश्तो को निभाते-निभाते खुद को ढूंढ रही हूँ मैं हाँ! खुद से नाराज हूँ मै

हार को भी स्वीकार करना सीखो मुश्किलों में संकल्प लिए बढ़ना सीखो ज़िंदगी है कई इम्तिहानों से भरी इन इम्तिहानों को मुस्कुरा कर पार करना सीखो रास्ते में भले ही सामना हो कांटों से उन […]

मैंने जितना हाथों को देखा, उतना चेहरा नहीं देख पाई; जब उसने अपनी उँगलियाँ मेरी उँगलियों में उलझाईं, मुझे मेरा चेहरा नहीं दिखा; बस ये महसूस हुआ कि वो उगते हुए सूरज सा है; उसका […]