निडर होकर निकले हर लड़की काश ! ऐसा भी दिन आए, बेटों से डर ना लगे हर बेटा पूजा जाए… कर्म हों सबके अच्छे संस्कार हों भरे, शुद्ध हो आचरण बेटों का ऐसा पाठ पढ़ाया […]

“बलात्कार है अक्षम्य अपराध” ++++++++++++++++++++ चीख-चीखकर पुकारा उसने, पर कोई सुनने ना आया… तोड़ती रही वह दम अपना, पर कोई लाज बचाने ना आया… वैशी-दरिंदे झपट पड़े, उनको जरा भी तरस ना आया… क्या औरत […]

ठंड में लब फटे से रहते हैं आजकल वे कटे से रहते हैं, दूर कितना भी चले जायें पर दिल व साँसों से सटे रहते हैं। कभी करीब आते हैं फिर कभी दूर हटे रहे […]

❤माँ और पत्नी❤ ******************* माँ से जब मांगी एक रोटी, माँ के चेहरे पर मुस्कान खिली… पत्नी से मांगी जब रोटी तो मन ही मन नाराज हुई…. माँ कहती ओ बेटा ! तू कितना ज्यादा […]

जा रहा है २०२० कुछ खट्टी-मीठी यादें छोंड़कर, आ रहा है २०२१ कोरे कागज के पंख ओढ़कर…. उम्मीद है यह सवेरा सबके जीवन में आएगा, उम्मीद की रौशनी ले हर मन में उत्साह जगाएगा..

जाने क्यूं तुमसे प्यार-सा हुआ जाने अनजाने इकरार-सा हुआ, तुम लाख बुरे सही पर अपने से हो लाख दूरियां हैं फिर भी पास रहते हो.. ये क्या है ! क्यूं है ! नहीं जानती हूँ […]

वही दिल जुड़ाता है करीब लाता है, फिर वही इस तरह से दूरियां बढ़ाता है। वो रब हमें इस तरह खेल ही खेल में कभी मिलाता है कभी गम बढ़ाता है। हम तो बस चाहते […]

परम सुख मिलेगा ब्रह्मचर्य पालन करने से कुछ नहीं रखा है गंदे ख्यालतों में ।।1।। ————————————- अब तक जो करते आये हो गंदे काम सब छूट जायेंगे तेरे ब्रह्मचर्य पालन करने से ।।2।। ————————————— दो […]

जय दुखहरनी जय कल्याणी सीता मईया सब सुख देती जय दुखहरनी जय कल्याणी सीता मईया सब सुख देती ——————————– जय दुखहरनी जय कल्याणी सीता मईया सब सुख देती ।।1।। ————————————- जनकसुता तुम राम दुलारी जय […]

।।ब्रह्मचर्य आरती ।। ———————– जय ब्रह्मचर्य जय ब्रह्मचारी इस व्रत में प्रभु राम करो मदद हमारी जय ब्रह्मचर्य जय ब्रह्मचारी इस व्रत में प्रभु राम करो मदद हमारी ——————————————- जय ब्रह्मचर्य जय ब्रह्मचारी इस व्रत […]

सौ दीप जला लो मंदिरों में, चाहे हजार दीये जले तेरे आँगन में, जब-तक तेरे मन की तम ना होंगे दुर । तब-तक है तेरे सारे दीये की रौशन सुन ।। ——————————————————- एक दीप जलाओ […]

मन के बहकावे में यदि तु बहकेगा तो तेरा मानव जीवन व्यर्थ चला जायेगा ————————————————— रे! नर मन के बहकाबे में तुम कभी न बहकना इस मानव देह से तुम हरिगुण गाना रे! नर मन […]

अपनी आँखों में लगाकर रखिये थोड़ा काजल, बहुत ही रमता है, हम भी पहचान लेंगे रस्ते में मुँह में तो मास्क बंधा रहता है। जो भी शॉपिंग करोगे सब की सब एक थैले में भर […]

ठंडक बढ़ रही है लगातार केवल तेरा अहसास गला रहा है जिंदगी में जमी बर्फ को, सर्द हवाएं नाजुक गालों से टकराकर अपने पैरों के निशान छोड़ रही है काले काले टिपके जैसे निशान, मेरी […]

ऐ वक़्त ढूँढ लायेंगे तुम्हें । खो दिया उन क्षणों को कयी स्वप्न सुनहले पलते थे खौफजदा उन पलक को जिनमें ख़ौफ के मंज़र तैरते थे विलखती आत्मा में आश की ज्योत जलाने को ऐ […]

इस भरी रात में आये निंदिया मीत तू रागिनी सुना दे ना ये जो दिनभर की आपाधापी थी तू मधुर बोल से भुला दे ना। जिन्दगी में सुबह से रात हुई रात से फिर सुबह […]

वो लोट-पोट हो रहा था जमीन पर, जिस तरह केंचुआ तिनके से छूने पर फड़फड़ाने लगता है, वैसे वह बेचैनी से फड़फड़ा रहा था। किसी का तो बेटा रहा ही होगा अब इस तरह नशे […]

ठंड थी खूब पहाड़ों की ठंड, पानी मे कंकड़ जम जाते हैं पानी के नल तक फट जाते हैं, वो बाज़ार में भटकने वाला शराबी बेचैन था, जुगाड़ में था कुछ पीने को मिले तो […]

ह्रदय कांप उठा, देखकर एक तस्वीर बर्फ की पहाड़ियां थी, एक मशीन गन जंग खाए पड़ी थी वहां मौत मुंह बाए खड़ी थी कुछ वीर जांबाज़ों के थे शव शव क्या कंकाल ही थे, उनके […]

पापा की परी होती है बेटियां मन की खरी होती है बेटियां पापा बेटियों के लिए, ज़मीं आसमां एक कर दें क्योंकि एक पिता का गुमान होती है बेटियां हर किसी के घर की शान […]

झूठी हंसी से अच्छा है, चलो खुल कर रो लेते हैं बार-बार नजर अंदाज होने से अच्छा है कि नज़र आना ही छोड़ देते हैं रोज़-रोज़ चोट खाने से अच्छा है कि चलो हम चलना […]

यह नववर्ष इतिहास बन जाए भारत की सब गाथा गाएं बूढ़ों में फिर आए जवानी लोरी गायें दादी-नानी भाई-बहन सब खुशी मनाए हर घर में खुशहाली आए कोरोना से जो क्षति हुई उसकी अब भरपाई […]

हे ईश्वर ! 2021 में ऐसा कुछ कमाल हो , गम सारे मिटे ,हर चेहरे पर मुस्कान हो , चारों तरफ से समृद्धि फैले , खुशहाल मेरा किसान हो कुछ ऐसा नया साल हो (1) […]

ओ विरह की वेदना ! मुझको पकड़ा दो कलम साथ में दे दो मुझे रात की तन्हाइयां और दो मुझको तुम रंग-बिरंगी स्याहियां अधखुली-सी इक कली रात यों कहने लगी “कलम और स्याही” ना हो […]

जाने कितने अल्फाज ठिठुर गये जो लिखे थे मन के कागज पर मैंने सिकुड़ गये कुछ ठण्ड की कटीली रातों में तो कुछ जम गये बर्फ के गोलों में सुबह धूप निकलेगी तो पिघलेंगे यही […]

पिता है जीवन का आधार पिता से है यह जीवन संसार पिता है मेरे मन का कोना पिता प्रेम ना मुझको खोना पिता मुझको खूब पढ़ाया बेटो से ज्यादा सम्मान दिलाया मेरी आँख में जब […]

चल रही आंधियां हैं थपेड़े ठंड के हैं, लिख रहा बेजुबानी भाव कुछ मंद से हैं। फिजाँ झकझोरने को पास कुछ भी नहीं है नैन सूखे हुए हैं होंठ कुछ बन्द से हैं। नहीं हो […]

मुहब्बत के नशे में चूर रहना चाहता हूँ ए जिन्दगी मैं नफ़रतों से दूर रहना चाहता हूँ। इंसान हूँ, कमियां भी हैं, अच्छाइयाँ भी हैं, मगर जैसा भी हूँ इंसानियत को पास रखना चाहता हूं। […]

फ़लक से उठा कर, ज्यों जमीं पर पटक दिया हो दर्द दे दिया है ऐसा न जाने लग रहा है कैसा दिल की चोट का पता नहीं है पर कमर में दर्द बहुत है सर्द […]

पिता-पुत्र सैर को, निकल पड़े खेतों की ओर ठंडी-ठंडी पवन चल रही चलते पानी का था शोर कोयल कूक रही पेड़ों पर, और कहीं नाचते मोर तभी पुत्र ने वहीं पे देखा एक जोड़ी पुराने […]

जब नारी का जन्म हुआ, मां-बाप का चेहरा क्यूं सन्न हुआ ये बात समझ ना पाती थी जितना भी सोचूं उतनी ही उलझती जाती थी हर गीत से लेकर कहानी तक बचपन से लेकर जवानी […]

आ मेरे मीत आ जा बात मन की बता जा उग रहे भाव हैं जो मेरे मन को दिखा जा। छिपाना छोड़ दे तू कोपलें चाहतों की समझ जाता है मन यह दिशाएं आहटों की। […]

प्रेम वह है जो आंखों में, मन में दूजे के प्रति उमड़ चाहत के बीज उगा देता है, विरक्त और बुझे मन में, तत्क्षण अनुराग जगा देता है। प्रेम वह है जो सिंचित कर, मन […]

गीत भँवरे ने गाया मैं वहां चुप खड़ा था उसकी लय में बहक कर मन मेरा गुनगुनाया। सुगंधित सी हवा फूल ने जब बिखेरी, नासिका में समाई मन मेरा मुस्कुराया। देख तिरछी नजर से त्वरित […]

हौसला रख, न घबरा काम ले हिम्मत से तू जिन्दगी आसान होगी मंजिलें कदमों में होंगी। हो निराशा जब कभी दिल बैठ सा जाये अगर, तू जगाना खुद की हिम्मत मुश्किलें आसान होंगी। आँख भर […]

बीता गया २०२० आया है सजकर २०२१ मिट्टी डालो बीती बातों पर मुस्कान रखो बस अधरों पर कोशिश करो जीवन में इतनी कोई बात ना करो जो हो दिल दुःखनी दोस्तों से हँसकर गले मिलो […]

बेटी होना एक अभिषाप ! मानता है यह आज भी समाज बेटी तो कुल की लक्ष्मी है पूजी जाती हर घर में है बेटी से घर में हो उजियारा किलकारी से खिलता आंगन सारा बेटी […]

एक छोटे से ढाबे के बाहर खड़ी होकर वो गुहार कर रही थी, रख लो ना इसे काम पर, ग्यारह बरस का हो गया है यह, माँज लेगा चाय के गिलास, धो देगा जूठे बर्तन […]

सोंधी-सोंधी गाँव की यादें चौपाटी पर परधानी की बातें पके-पके से स्वर्णिम धान गाँव के बूढ़े, बाल, किसान सब आते हैं मुझको याद गोरी के गोरे-गोरे गाल जिन पर हँसकर झूले लट ना भूला मैं […]

बीत जाएगा यह वक़्त भी वक़्त कभी थमता नही अगर थमता तो वक़्त कहलाता नही एक दिन यह वक़्त इतिहास बन जाएगा इतिहास दोहराया जाता है इतिहास दोहराया जाएगा वक़्त कभी थमता नही यह वक़्त […]

गुनगुनी धूप है इस ठंड में थोड़ा सहारा, अन्यथा हम बर्फ बनकर ठोस हो जाते। इस गली में गुजरते आपने देखा हमारी झोपड़ी को अन्यथा हम गम भरे बेहोश हो जाते। इन दिनों मन जरा […]

मन मेरे! कीट सा पतंगे सा इस तरह से अंधेरी रातों में रोशनी तरफ की न खिंचते जा झूठ के हाथ यूँ न बिकते जा। ओ कलम! हाथ मेरे आकर अब न रुक वेदना को […]